थाली में सजा बुंदेलखण्ड का स्वाद, श्रीअन्न के व्यंजनों ने मोहा मन
विश्व खाद्य दिवस पर कृषि विश्वविद्यालय में लगी प्रदर्शनी
तेजस टूडे ब्यूरो
मुकेश तिवारी
झांसी। रानी लक्ष्मीबाई केंद्रीय कृषि विश्वविद्यालय में विश्व खाद्य दिवस पर खाद्य पदार्थों, पारंपरिक व्यंजनों और पोस्टरों की आकर्षक प्रदर्शनी लगाई गई। इसमें बुंदेलखंडी पकवानों, श्रीअन्न से बने पौष्टिक खाद्य पदार्थों और देश के विभिन्न राज्यों के पारंपरिक व्यंजनों के माध्यम से भारतीय खाद्य विरासत की झलक प्रस्तुत की गई। कुलपति डॉ. अशोक सिंह ने कहा कि खाद्य एवं पोषण संबंधी परंपराओं का संरक्षण कर उन्हें भावी पीढ़ियों तक पहुंचाना जरूरी है। मुख्य विकास अधिकारी रामेश्वर सुधाकर सब्बनवाड ने कहा कि अन्न का प्रत्येक दाना अमूल्य है। भोजन की बर्बादी रोकना, खाद्यान्न का संरक्षण करना और जरूरतमंदों तक भोजन पहुंचाना हम सभी की जिम्मेदारी है। प्रदर्शनी में ज्वार के रसगुल्ले, रागी के समोसे, सामा के लड्डू, रागी की खीर, श्रीअन्न से बने अन्य पौष्टिक व्यंजन आकर्षण का केंद्र रहे। विद्यार्थियों एवं वैज्ञानिकों ने विभिन्न राज्यों के पारंपरिक पकवानों के साथ खाद्य सुरक्षा, पोषण और अन्न संरक्षण पर आधारित पोस्टर भी प्रस्तुत किये।













