कार्यक्रम का शुभारंभ मुख्य अतिथि महानिदेशक दीनदयाल उपाध्याय राज्य ग्राम्य विकास संस्थान (बख्शी का तालाब लखनऊ) एल. वेंकटेश्वर लू ने दीप प्रज्वलन व मां सरस्वती के चित्र पर पुष्प अर्पण करके किया। मुख्य अतिथि ने कर्मयोग और सामाजिक समर्पण की भावना को केंद्र में रखते हुए प्रतिभागियों से संवाद किया। साथ ही कहा कि “कुपोषण की जड़ें मां की सेहत और परिवार नियोजन की अनदेखी में छिपी हैं। 3-5 वर्षों के अंतराल पर बच्चों के जन्म और महिला स्वास्थ्य पर जोर देते हुये ‘विकसित भारत’ की संकल्पना को दान, श्रमदान व कमजोर वर्गों के सशक्तिकरण से जोड़ने की अपील किया। महिला सशक्तिकरण पर विशेष जोर देते हुए उन्होंने ‘अग्निवीर’ योजना में महिलाओं की भागीदारी और राजनैतिक नेतृत्व में महिला समूहों की सक्रियता को बढ़ावा देने पर बल दिया।








