आपातकालीन स्थिति से निपटने के लिये हुआ मार्क ड्रिल
डीएम—एसपी की उपस्थिति में हुआ आयोजन
तेजस टूडे ब्यूरो
अश्वनी सैनी
उन्नाव। संभावित युद्ध/हवाई हमले की स्थिति में नागरिक सुरक्षा एवं आपात कालीन स्थिति से निपटने के लिए जीआईसी मैदान में जिलाधिकारी गौरांग राठी की अध्यक्षता एवं पुलिस अधीक्षक दीपक भूकर की उपस्थिति में माॅकड्रिल का आयोजन हुआ। इस दौरान उपस्थित छात्रों, जन सामान्य को बताया गया कि आपातकालीन स्थिति से निपटने के लिए उपायों में बहुमंजिला ईमारतों के लिए विशेष सुरक्षा के निर्देश, सोसाईटी/मुहल्लें में सामुहिक सुरक्षा, सायरन या धमाके के बाद क्या करें, मानसिक शक्ति और नेतृत्व व्यवहार, सरकारी मद्द और सहयोग, सामुहिक जागरूकता जैसे अन्य बिन्दुओं पर माॅकड्रिल किया गया।
सम्भावित युद्ध/हवाई हमले की स्थिति में बताया गया कि हवाई हमला या सायरन बजते ही शांत रहे और तुरन्त आश्रय लें, अपने शहर/गांव में चिन्हित सुरक्षित आश्रय स्थल पहले से जान लें, घर में कम से कम सात दिन का राशन, पानी, दवाईयां और मास्क रखें। सीटी, टाॅर्च, पावर बैंक, प्राथमिक चिकित्सा किट साथ रखें। बिजली का मेन स्विच, गैस सिलेण्डर बन्द करना न भूलें। परिवार के सभी सदस्यों के ब्लड ग्रुप, आधार काॅपी, और फोटो तैयार रखें। परिवार मिलन स्थल पहले से तय रखें। शिशु, बुजुर्ग और विकलांगों की विशेष तैयारी अलग से करें।
उन्होंने बताया कि बहुमंजिला इमारतों में रहने वाले व्यक्ति आपातकालीन स्थिति में सीढ़ियों का प्रयोग करें-लिफट से बचे। हर फ्लोर पर निकासी मार्ग प्रदर्शित करें। खिडकियों से दूर रहे। बाथरूम या कंक्रीट वाली दीवार के पास शरण लें। बच्चों के लिए सुरक्षा बैग तैयार करें। इसी प्रकार सोसाईटी/मोहल्ले में सामूहिक सुरक्षा उपायों में सभी प्रवेश द्वार पर गार्ड व सीसीटीवी अनिवार्य करें। इंटर काॅम और आपात कालीन अलार्म प्रणाली सक्रिय रखें। व्हाट्स एप/टेलीग्राम अलर्ट ग्रुप बनाए तथा डाक्टर, सेना अधिकारी, पुलिस आदि स्थानीय विशेषज्ञों को जोडे। इसी प्रकार सायरन या धमाके के बाद तुरन्त जमीन पर लेट जाएं। अंजान वस्तु या विस्फोटक न छुएं-पुलिस को सूचित करें। गम्भीर स्थिति में भी संयम और नेतृत्व बनाएं रखें-दूसरों को संभालें।
आपातकालीन स्थिति में सरकारी मदद और सहयोग हेतु एनडीआरएफ, जिला प्रशासन या नागरिक रक्षा विभाग से सम्पर्क बनाएं रखे। निकटतम अस्पताल, पुलिस स्टेशन, फायर ब्रिगेड का पता और नम्बर नोट करें। गम्भीर स्थिति में 112 पर काॅल करें तथा आपदा राहत केन्द्र या सामुदायिक बंकर का पता पहले से जान लें। उन्होने जनपदवासियों से अपील किया कि समस्त जनपदवासी निर्धारित समय में अपने घरों में लाइट न जलाएं तथा घरों के अन्दर रहे।
इस अवसर पर मुख्य विकास अधिकारी कृति राज, अपर जिलाधिकार सुशील गोंड, अपर जिलाधिकारी न्यायिक विकास सिंह, अपर पुलिस अधीक्षक अखिलेश सिंह, नगर मजिस्ट्रेट राजीव राज, सहायक कलेक्टर शौर्य अरोणा, उपजिलाधिकारी क्षितिज द्विवेदी, क्षेत्राधिकारी सोनम सिंह आदि उपस्थित रहे।
आधुनिक तकनीक से करायें प्रचार, बिजनेस बढ़ाने पर करें विचारहमारे न्यूज पोर्टल पर करायें सस्ते दर पर प्रचार प्रसार।






