जांच में पुष्टि के बावजूद दोषियों पर अब तक नहीं हुई कार्यवाही, पीड़ित ने आत्मदाह की दी चेतावनी
सूची ग्रामसभा में घपले का मामला, 28 सितम्बर तक का जिला प्रशासन को दिया अल्टीमेटम
अनुभव शुक्ला
संदीप पाण्डेय
रायबरेली। झूठ बना सिरमौर यहां पर सच्चे का मुंह काला है। यह कहावत उस समय चरितार्थ होती है जब बीते वर्ष सन् 2018 में स्ट्रीट लाइट आवास सहित स्वच्छ भारत मिशन के शौचालय में हुए घपले की शिकायत में दोषियों के कृत्यों की पुष्टि होने के बावजूद अब तक कार्यवाही लंबित है का हवाला दे शिकायतकर्ता को झूठा आश्वासन देते चले आए। थक हार कर बुधवार को पीड़ित ने कार्यवाही न होने पर 28 सितंबर को आत्मदाह तक की चेतावनी दे डाली। दरअसल सूची ग्राम सभा में हुए भ्रष्टाचार व सरकारी धन के दुरुपयोग की शिकायत सूची ग्राम सभा के ही निवासी योगेंद्र प्रताप ने विभिन्न स्तरों पर किया।













