संक्रमण से उत्पन्न चिन्ता दूर करने के लिये मानसिक संतुलन आवश्यकः डा. हरिनाथ यादव

जौनपुर। कोरोना वायरस के रूप में फैली महामारी भारत सहित पूरे विश्व में अपना पांव पसार चुकी है जिससे लड़ने के लिये कुछ विशेष के अलावा चिकित्सक मुख्य निभा रहे हैं। इस समय पूरे देश में लॉक डाउन है जिसके चलते लोग बचाव के लिये अपने घरों में हैं लेकिन जनपद के चिकित्सक सोशल डिस्टेंसिंग का पालन करते हुये मरीजों को बराबर परामर्श दे रहे हैं। साथ ही अन्य सामाजिक कार्य जैसे मास्क, सैनिटाइजर, राशन, भोजन आदि का वितरण भी कर रहे हैैं। इस बाबत इण्डियन मेडिकल एसोसिएशन के अध्यक्ष डा. एनके सिंह का कहना है कि जिले के चिकित्सक निश्चित समय तक मरीजों को देख रहे है। साथ ही इमरजेंसी सेवाएं भी प्रदान कर रहे हैं। इतना ही नहीं, एसोसिएशन शीघ्र ही प्रधानमंत्री व मुख्यमंत्री आपदा राहत कोष में सहायता राशि भी प्रदान करेगा। इसके बाबत अधिकांश चिकित्सकों ने अपना योगदान दे दिया है। सभी द्वारा योगदान दे देने पर शीघ्र ही प्रधानमंत्री एवं मुख्यमंत्री राहत कोष में एक अच्छी व बड़ी धनराशि सहायतार्थ प्रदान की जायेगी। उन्होंने कहा कि महामारी से एकजुट होकर लड़ने की जरूरत है। हम सभी अगर एकजुट होकर सरकार व प्रशासन के निर्देशों का पालन करेंगे तो यह महामारी शीघ्र ही समाप्त हो जायेगी। इसी क्रम में मानसिक रोग विशेषज्ञ डा. हरिनाथ यादव ने कहा कि सोशल डिस्टेंसिंग का पालन करते हुये मरीजों को देखा जा रहा है। साथ ही उन्हें कोरोना के प्रति जागरूक भी किया जा रहा है। संक्रमण को लेकर लोगों के मन में तमाम चिन्ताएं हैं। ऐसे में लोगों के अंदर हर समय बुरा होने की आशंका, बेचैनी, घबराहट, नींद न आना, तनाव, चिड़चिड़ापन, उदासी, गुमशुम हो जाना, असामाजिक व्यवहार करना, कार्य से भागना आदि लक्षण हो सकते हैं। इस विषम स्थिति में मानसिक संतुलन को बनाये रखने की बहुत जरूरत है। डा. यादव ने लोगों से अपील किया कि सामाजिक दूरी बनाये रखें और लॉक डाउन के दौरान सरकार के निर्देशों का पालन करें जो हमारी नैतिक जिम्मेदारी है। अपने घर में साफ-सफाई का विशेष ध्यान रखते हुये एक निश्चित अंतराल पर हैण्डवाश या साबुन से हाथ धोने की आदत बना लें। पौष्टिक व हल्का आहार लेने की बात कहते हुये डा. यादव ने कहा कि खांसते व छींकते समय मुंह को रूमाल अथवा किसी कपड़े से अवश्य ढंकें। साथ ही मुंह ढंकने के लिये मास्क आदि उपयोग बराबर करते रहें। डा. यादव ने कहा कि सोशल डिस्टेंसिंग बनाते हुये दोस्तों, करीबियों एवं रिश्तेदारों से सोशल मीडिया, मोबाइल अदि माध्यम से जुड़े रहें और एक-दूसरे का सहयोग करें। अपनी दिनचर्या को सही रखते हुये नियमित योगाभ्यास करें और तनावमुक्त रहें। अगर हम सभी मिलकर लड़ेंगे तो शीघ्र ही महामारी से हमारे अलावा पूरे देश को छुटकारा मिल जायेगा। श्री यादव ने बताया कि उनके अलावा तमाम चिकित्सक सोशल डिस्टेंस का पालन करते हुये मरीजों की सेवा बराबर कर रहे हैं।

जौनपुर। कोरोना वायरस के रूप में फैली महामारी भारत सहित पूरे विश्व में अपना पांव पसार चुकी है जिससे लड़ने के लिये कुछ विशेष के अलावा चिकित्सक मुख्य निभा रहे हैं। इस समय पूरे देश में लॉक डाउन है जिसके चलते लोग बचाव के लिये अपने घरों में हैं लेकिन जनपद के चिकित्सक सोशल डिस्टेंसिंग का पालन करते हुये मरीजों को बराबर परामर्श दे रहे हैं। साथ ही अन्य सामाजिक कार्य जैसे मास्क, सैनिटाइजर, राशन, भोजन आदि का वितरण भी कर रहे हैैं।

इस बाबत इण्डियन मेडिकल एसोसिएशन के अध्यक्ष डा. एनके सिंह का कहना है कि जिले के चिकित्सक निश्चित समय तक मरीजों को देख रहे है। साथ ही इमरजेंसी सेवाएं भी प्रदान कर रहे हैं। इतना ही नहीं, एसोसिएशन शीघ्र ही प्रधानमंत्री व मुख्यमंत्री आपदा राहत कोष में सहायता राशि भी प्रदान करेगा। इसके बाबत अधिकांश चिकित्सकों ने अपना योगदान दे दिया है। सभी द्वारा योगदान दे देने पर शीघ्र ही प्रधानमंत्री एवं मुख्यमंत्री राहत कोष में एक अच्छी व बड़ी धनराशि सहायतार्थ प्रदान की जायेगी। उन्होंने कहा कि महामारी से एकजुट होकर लड़ने की जरूरत है। हम सभी अगर एकजुट होकर सरकार व प्रशासन के निर्देशों का पालन करेंगे तो यह महामारी शीघ्र ही समाप्त हो जायेगी।

इसी क्रम में मानसिक रोग विशेषज्ञ डा. हरिनाथ यादव ने कहा कि सोशल डिस्टेंसिंग का पालन करते हुये मरीजों को देखा जा रहा है। साथ ही उन्हें कोरोना के प्रति जागरूक भी किया जा रहा है। संक्रमण को लेकर लोगों के मन में तमाम चिन्ताएं हैं। ऐसे में लोगों के अंदर हर समय बुरा होने की आशंका, बेचैनी, घबराहट, नींद न आना, तनाव, चिड़चिड़ापन, उदासी, गुमशुम हो जाना, असामाजिक व्यवहार करना, कार्य से भागना आदि लक्षण हो सकते हैं। इस विषम स्थिति में मानसिक संतुलन को बनाये रखने की बहुत जरूरत है।

डा. यादव ने लोगों से अपील किया कि सामाजिक दूरी बनाये रखें और लॉक डाउन के दौरान सरकार के निर्देशों का पालन करें जो हमारी नैतिक जिम्मेदारी है। अपने घर में साफ-सफाई का विशेष ध्यान रखते हुये एक निश्चित अंतराल पर हैण्डवाश या साबुन से हाथ धोने की आदत बना लें। पौष्टिक व हल्का आहार लेने की बात कहते हुये डा. यादव ने कहा कि खांसते व छींकते समय मुंह को रूमाल अथवा किसी कपड़े से अवश्य ढंकें। साथ ही मुंह ढंकने के लिये मास्क आदि उपयोग बराबर करते रहें।

डा. यादव ने कहा कि सोशल डिस्टेंसिंग बनाते हुये दोस्तों, करीबियों एवं रिश्तेदारों से सोशल मीडिया, मोबाइल अदि माध्यम से जुड़े रहें और एक-दूसरे का सहयोग करें। अपनी दिनचर्या को सही रखते हुये नियमित योगाभ्यास करें और तनावमुक्त रहें। अगर हम सभी मिलकर लड़ेंगे तो शीघ्र ही महामारी से हमारे अलावा पूरे देश को छुटकारा मिल जायेगा। श्री यादव ने बताया कि उनके अलावा तमाम चिकित्सक सोशल डिस्टेंस का पालन करते हुये मरीजों की सेवा बराबर कर रहे हैं।